भोपाल। राज्य सरकार आम नागरिकों को दी जा रही मुफ्त एवं हितग्राही मूलक योजनाओं के वास्तविक लाभ का आकलन कराने जा रही है। इसके लिए वित्त विभाग ने प्रदेश के सभी विभागों से विस्तृत जानकारी तलब की है। विभागों से पूछा गया है कि उनके द्वारा संचालित योजनाओं में कितने हितग्राही लाभान्वित हुए और उन्हें कितना आर्थिक अथवा अन्य लाभ मिला।
वित्त विभाग ने प्रदेश को झुग्गीमुक्त बनाने के लिए अब तक किए गए कार्यों की जानकारी भी मांगी है। इसके साथ ही जलस्रोतों के संरक्षण और बेहतर प्रबंधन, शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए उठाए गए कदमों का विवरण भी मांगा गया है। केंद्र प्रवर्तित योजनाओं और केंद्रीय क्षेत्रीय योजनाओं की स्थिति, प्रगति तथा नवीन योजनाओं से संबंधित पूरा तथ्यात्मक ब्यौरा भी विभागों को उपलब्ध कराना होगा।
विभागों से यह भी पूछा गया है कि पिछले वित्तीय वर्ष में अब तक कुल बजट प्रावधान के मुकाबले कितना व्यय किया गया और प्रमुख योजनाओं के लक्ष्य के विरुद्ध उपलब्धि की क्या स्थिति रही। औद्योगिक नीति, निवेश प्रोत्साहन, गौवंश संवर्धन और संरक्षण के लिए किए गए प्रयासों की जानकारी भी बजट भाषण में शामिल की जाएगी। इसके अलावा रोजगार सृजन के प्रयास, शासकीय नियुक्तियों का पदवार, श्रेणीवार और वेतनमान सहित विवरण भी मांगा गया है। इन सभी जानकारियों को उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री के आगामी बजट भाषण में समाहित किया जाएगा।