सिंघार बोले अयोध्या, बगलामुखी के बाद क्या महाकाल मंदिर का नंबर है ?
भोपाल। प्रदेश में मंदिरों के चढ़ावे और आभूषणों के प्रबंधन में कथित अनियमितताओं को लेकर सियासत गरमा गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भाजपा सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि प्रदेश के पवित्र देवस्थानों की संपत्ति सुरक्षित नहीं है।
सिंघार ने आगाह किया कि यदि यही स्थिति रही, तो अयोध्या के श्रीराम मंदिर और आगर मालवा के मां बगलामुखी मंदिर के बाद अब उज्जैन के विश्वप्रसिद्ध महाकाल मंदिर में भी बड़ा घोटाला सामने आ सकता है। नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि महाकाल मंदिर को लेकर भी लगातार शिकायतें मिल रही हैं, लेकिन सरकार मौन साधे हुए है। उन्होंने ओरछा के राजा राम सरकार मंदिर का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां से सालों पहले गायब हुए नकदी और आभूषणों का राज आज तक नहीं खुल सका है।
घोटालों के पीछे छिपे चेहरों को बेनकाब करें
सिघार ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार की जांच आखिर किस दिशा में चल रही है? क्या बगलामुखी मंदिर की फाइल भी अन्य मामलों की तरह दबा दी जाएगी या दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी? प्रदेश की जनता जवाब चाहती है। कांग्रेस नेता ने सरकार से मांग की है कि इन कथित घोटालों के पीछे छिपे चेहरों को बेनकाब कर उनके खिलाफ निष्पक्ष और सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा शासन में आस्था के केंद्रों पर हो रही वित्तीय अनियमितताएं बेहद गंभीर हैं और सरकार अपनी जिम्मेदारियों से बच नहीं सकती।